2204 अभ्यर्थी सिविल सेवा मुख्य परीक्षा के लिए चयनित, आवेदन 9 जुलाई तक
मुख्य बिंदु:
- जेपीएससी पीटी परिणाम घोषित, 2204 अभ्यर्थी मुख्य परीक्षा के लिए चयनित
- मुख्य परीक्षा 18 से 20 जुलाई तक रांची केंद्रों पर होगी आयोजित
- साक्षात्कार में न्यूनतम अर्हता अंक की शर्त आयोग ने की समाप्त
रांची – झारखंड लोक सेवा आयोग ने सिविल सेवा संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा-2025 का प्रारंभिक परिणाम बुधवार को जारी कर दिया, जिसमें कुल 103 पदों के विरुद्ध 2,204 अभ्यर्थियों को मुख्य परीक्षा के योग्य घोषित किया गया।
आयोग ने लंबे इंतजार के बाद यह प्रतीक्षित परिणाम सार्वजनिक किया। यह भर्ती परीक्षा राज्य प्रशासनिक सेवा में विभिन्न पदों को भरने के लिए आयोजित की गई थी।
मुख्य परीक्षा अगले महीने रांची के विभिन्न केंद्रों पर संपन्न होगी। यह परीक्षा 18, 19 और 20 जुलाई को दो पालियों में होगी।
पहली पाली सुबह दस बजे से दोपहर एक बजे तक चलेगी। दूसरी पाली दोपहर ढाई बजे शुरू होकर शाम साढ़े पांच बजे तक चलेगी।
अठारह जुलाई को पहला और दूसरा प्रश्नपत्र लिया जाएगा। उन्नीस जुलाई को तीसरा-चौथा तथा बीस जुलाई को पांचवां-छठा प्रश्नपत्र होगा।
हालांकि परीक्षा का कुल भार 950 अंकों का रखा गया है। इसके अतिरिक्त 100 अंकों की साक्षात्कार प्रक्रिया भी होगी।
नीचे दी गई तालिका में प्रश्नपत्रवार अंकों का विवरण दिया गया है:
| प्रश्नपत्र | अंक |
|---|---|
| पहला प्रश्नपत्र | 100 |
| दूसरा प्रश्नपत्र | 150 |
| तीसरे से छठे प्रश्नपत्र (प्रत्येक) | 200 |
उल्लेखनीय है कि आयोग ने इस बार साक्षात्कार के लिए न्यूनतम अर्हता अंक की शर्त हटा दी है। पहले उम्मीदवारों को साक्षात्कार में बैठने के लिए न्यूनतम अंक लाने अनिवार्य थे।
इच्छुक अभ्यर्थियों को 9 जुलाई शाम पांच बजे तक अपना ऑनलाइन आवेदन भरना होगा। इसके बाद आवेदन की हार्ड कॉपी 14 जुलाई तक आयोग कार्यालय में जमा करनी होगी।
गौरतलब है कि प्रारंभिक परीक्षा बीते अप्रैल में आयोजित हुई थी। यह प्रवेश परीक्षा राज्यभर के 564 केंद्रों पर संपन्न हुई थी।
इसके लिए कुल 2,17,104 अभ्यर्थियों को प्रवेश पत्र जारी हुए थे। पहली पाली में 1,10,973 और दूसरी पाली में 1,10,875 उम्मीदवार शामिल हुए थे।
एक अभ्यर्थी ने बताया, “उत्तर कुंजी में बार-बार संशोधन से हम असमंजस में रहे।” उसने कहा कि परिणाम आने से अब राहत महसूस हो रही है।
दरअसल यह परीक्षा उत्तर कुंजी को लेकर विवादों में घिरी रही थी। आयोग ने बीस अप्रैल को मॉडल उत्तर कुंजी जारी की थी।
आपत्तियों के बाद इसे तीन बार संशोधित करना पड़ा। इक्कीस अप्रैल, छब्बीस मई और उन्नीस जून को संशोधित उत्तर कुंजियां सामने आईं।
इस बीच आयु सीमा में छूट का मामला झारखंड हाईकोर्ट पहुंच गया था। अदालत की अनुमति मिलने के बाद ही आयोग परिणाम घोषित कर सका।
झारखंड में सरकारी भर्ती परीक्षाओं का न्यायिक जांच के दायरे में आना नया नहीं है। बीते वर्षों में भी कई भर्तियां अदालती हस्तक्षेप से प्रभावित हुई हैं।
मौजूदा भर्ती के तहत उपसमाहर्ता के 28 और पुलिस उपाधीक्षक के 42 पद शामिल हैं। इसके अलावा सहायक नगर आयुक्त के 10 तथा सहायक निदेशक-सह-जिला जनसंपर्क पदाधिकारी के 10 पद भी भरे जाएंगे।
इसी तरह राज्य में अन्य शिक्षक प्रशिक्षण संबंधी परीक्षाओं में भी हाल में राहत दी गई है। साथ ही जमशेदपुर में नीट परीक्षा भी हाल ही में संपन्न हुई है।
एनआईटी जमशेदपुर में भी पीएचडी प्रवेश समिति गठित की गई है, जिसकी परीक्षा जुलाई में प्रस्तावित है। इस तरह राज्य में जुलाई का महीना कई अहम परीक्षाओं का गवाह बनेगा।
(आईएएनएस से प्राप्त इनपुट पर आधारित)
