स्वास्थ्य मंत्री के वायदे पर सवाल, वित्त मंत्री से की विशेष कोष की मांग
प्रमुख बिंदु:
• एमजीएम छात्रावास की मरम्मत के लिए धन आवंटन का अनुरोध
• छात्रों की परेशानियों को दर्शाते वीडियो भेजे गए
• वित्त मंत्री से विशेष कोष के लिए की अपील
जमशेदपुर – झारखंड के वित्त मंत्री डॉ. रामेश्वर उरांव से जमशेदपुर पूर्वी के विधायक सरयू राय ने एमजीएम मेडिकल कॉलेज के छात्रावास की मरम्मत के लिए विशेष कोष की मांग की है।
राय ने कहा, "नीट में उच्च अंक प्राप्त करने वाले मेधावी छात्र इन अमानवीय परिस्थितियों में रहने को मजबूर हैं।"
उन्होंने बताया कि छात्रों ने कई बार अधिकारियों से गुहार लगाई है।
छात्रावास की दयनीय स्थिति
"स्वास्थ्य मंत्री ने एक साल पहले निरीक्षण कर सुधार का वादा किया था, लेकिन कुछ नहीं हुआ," राय ने खुलासा किया।
विधायक ने यह भी कहा कि कॉलेज और अस्पताल स्वास्थ्य मंत्री के निर्वाचन क्षेत्र में स्थित हैं।
एक गुमनाम द्वितीय वर्ष के छात्र ने कहा, "हम अपनी सुरक्षा की चिंता के बीच पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।"
धन आवंटन के प्रस्तावित विकल्प
राय ने छात्रावास की मरम्मत के लिए दो संभावित विकल्प सुझाए।
"या तो ‘आकस्मिकता निधि’ से धन आवंटित किया जाए या स्वास्थ्य सचिव को अप्रयुक्त राशि के हस्तांतरण का प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया जाए," उन्होंने सलाह दी।
एक स्थानीय निवासी ने टिप्पणी की, "यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि हमारे भविष्य के डॉक्टरों को ऐसी परिस्थितियों में रहना पड़ रहा है।"
चिकित्सा शिक्षा पर प्रभाव
छात्रावास की खराब स्थिति के कारण कई छात्रों को परिसर खाली करना पड़ा है।
हाल की भारी बारिश ने स्थिति और बिगाड़ दी है, जिससे इमारत में पानी रिस रहा है।
यह संकट झारखंड में चिकित्सा शिक्षा के भविष्य के बारे में चिंताएं पैदा करता है।
एक चिकित्सा विशेषज्ञ ने कहा, "गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए उचित बुनियादी ढांचा आवश्यक है। इसकी कमी छात्रों के प्रदर्शन को प्रभावित कर सकती है।"

