August 10, 2026
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द्विपक्षीय व्यापार समझौता लागू होने से भारत का ओमान को वस्तु निर्यात 50 प्रतिशत बढ़ने की उम्मीद

द्विपक्षीय व्यापार समझौता लागू होने से भारत का ओमान को वस्तु निर्यात 50 प्रतिशत बढ़ने की उम्मीद

नई दिल्ली, 1 जून (आईएएनएस)। भारत-ओमान व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौता (सीईपीए) या द्विपक्षीय व्यापार समझौता सोमवार को लागू होने से बाद, देश का ओमान को वस्तु निर्यात अगले तीन वर्षों में 50 प्रतिशत तक बढ़ने की उम्मीद है।

इस समझौता का उद्देश्य भारत के निर्यात को पिछले वर्ष के 4.06 अरब डॉलर से बढ़ाकर 6 अरब डॉलर तक ले जाना है और मध्य अवधि में लक्ष्य 10 अरब डॉलर तक ले जाना है।

ओमान ने भारत को अपनी 98.08 प्रतिशत टैरिफ लाइनों पर जीरो ड्यूटी की पेशकश की है। इसमें भारत द्वारा ओमान को किया जाने वाला 99.38 प्रतिशत निर्यात कवर होता है। इसमें अधिक श्रम उपयोग वाले सेक्टर जैसे जेम एंड ज्वेलरी, टेक्सटाइल, चमड़ा, जूता, सपोर्ट्स गुड्स, प्लास्टिक, फर्नीचर, इंजीनियरिंग, फार्मा, मेडिकल डिवाइस और ऑटोमोबाइल शामिल हैं।

वहीं, भारत अपनी कुल टैरिफ लाइनों में से 77.79 प्रतिशत पर उदारीकरण की पेशकश की है, जो मूल्य के हिसाब से ओमान से भारत के आयात का 94.81 प्रतिशत है। ओमान के निर्यात के लिए महत्वपूर्ण और भारत के लिए संवेदनशील उत्पादों के लिए, यह पेशकश मुख्य रूप से शुल्क दर कोटा (टीआरक्यू) आधारित है।

अपने हितों की रक्षा के लिए, भारत ने संवेदनशील उत्पादों को बिना किसी रियायत के समझौते से बाहर रखा है। इसमें विशेष रूप से कृषि उत्पाद, जिनमें डेयरी, चाय, कॉफी, रबर और तंबाकू उत्पाद शामिल हैं। वहीं, अन्य में सोना और चांदी के आभूषण और अन्य श्रम-प्रधान उत्पाद जैसे जूते, खेल सामग्री; और कई आधार धातुओं का स्क्रैप शामिल है।

भारत और ओमान ने पिछले साल दिसंबर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मस्कट यात्रा के दौरान सीईपीए पर हस्ताक्षर किए थे।

इससे भारत की अर्थव्यवस्था में बड़ी हिस्सेदारी रखने वाले सर्विस सेक्टर को भी फायदा होगा। ओमान का सर्विसेज सेक्टर का आयात 12.52 अरब डॉलर है, जो भारतीय सर्विसेज कंपनियों के लिए अपार संभावनाओं को दर्शाता है।

ओमान के अलावा, भारत अन्य कई देशों के साथ भी द्विपक्षीय व्यापार समझौते के लिए बातचीत कर रहा है।

भारत ने जुलाई 2025 में ब्रिटेन और अप्रैल 2026 में न्यूजीलैंड के साथ इसी तरह के समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं और इस वर्ष 27 जनवरी को यूरोपीय संघ (27 देशों का समूह) के साथ एक मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के लिए बातचीत पूरी की है। वहीं, भारत अमेरिका कसे भी द्विपक्षीय समझौते को लेकर बातचीत कर रहा है।

एबीएस

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