चुनाव पूर्व कार्रवाई से झारखंड, बंगाल में फर्जी दस्तावेजों और अवैध संचालन का खुलासा हुआ
प्रमुख बिंदु:
* ईडी ने अवैध बांग्लादेशी प्रवेश नेटवर्क को निशाना बनाकर बड़ी छापेमारी की
* ऑपरेशन में नकली आधार कार्ड, पासपोर्ट और प्रिंटिंग उपकरण जब्त किए गए
* मामला रोजगार के झूठे वादों के तहत बांग्लादेशी महिलाओं की तस्करी से जुड़ा है
RANCHI- प्रवर्तन निदेशालय का व्यापक अभियान झारखंड और पश्चिम बंगाल ने अवैध बांग्लादेशी घुसपैठ को बढ़ावा देने वाले एक व्यापक नेटवर्क का खुलासा किया है।
प्रवर्तन निदेशालय ने 17 स्थानों पर एक व्यापक अभियान चलाया है।
इसके अलावा, अधिकारियों को तलाशी के दौरान नकली आधार कार्ड और जाली पासपोर्ट मिले।
इसके अलावा, जांचकर्ताओं ने अवैध हथियार और पर्याप्त संपत्ति दस्तावेज जब्त किए।
इसके अलावा, फर्जी पहचान बनाने के लिए मुद्रण उपकरण और खाली फॉर्म जब्त कर लिए गए।
इस बीच, एक विश्वसनीय सूत्र ने संकेत दिया कि जांच सितंबर के पीएमएलए मामले से शुरू हुई है।
यह मामला झूठे बहाने के तहत बांग्लादेशी और रोहिंग्या महिलाओं की तस्करी के आरोपों से उपजा है।
हालाँकि, इस मुद्दे ने विधानसभा चुनाव से पहले तीव्र राजनीतिक बहस छेड़ दी है।
दूसरी ओर, विपक्षी नेताओं ने निर्वाचित होने पर अवैध आप्रवासन के खिलाफ सख्त कदम उठाने का वादा किया है।
इसके अलावा, स्थानीय अधिकारियों ने खुलासा किया कि कई संदिग्धों ने जाली दस्तावेजों के जरिए हिंदू पहचान हासिल की थी।
दोनों राज्यों में आगामी चुनावों को देखते हुए इस मामले ने तूल पकड़ लिया है।
