जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम जिले में मोंथा तूफान का असर दिखने लगा है। तेज हवा के साथ बारिश ने किसानों के मेहनत पर पानी फेर दिया है। खेतों में लगे धान का फसल कहीं कहीं गिर गया है.। इससे किसान चिंतित हैं।
किसानों का कहना है की एक सप्ताह में धान कटनी शुरू हो जाती मगर बारिश और हवा चलने से धान खेतों में ही सो गया है। अगर बारिश और हवा नहीं रुकती है तो धान की फसल को ज्यादा नुकसान हो सकता है। तूफान से सरसों और सब्जी के खेती को भी नुकसान हुआ है।
चक्रवाती तूफान ‘मोंथा’ के कारण पूर्वी सिंहभूम जिले में हुई बारिश ने किसानों की कमर तोड़ दी है। किसान इस साल अच्छी फसल की उम्मीद कर रहे थे।
