उपायुक्त बोले- सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, आम नागरिकों की भी सहभागिता जरूरी
जमशेदपुर: समाहरणालय सभागार में उपायुक्त राजीव रंजन की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति एवं यातायात प्रबंधन को लेकर अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक में सड़क दुर्घटनाओं में लगातार हो रही वृद्धि पर चिंता जताते हुए दुर्घटना रोकथाम, यातायात नियमों के कड़ाई से पालन, स्कूल वाहनों की जांच, हिट एंड रन मामलों में मुआवजा भुगतान और ओवरस्पीडिंग व ड्रिंक एंड ड्राइव पर प्रभावी कार्रवाई को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान अप्रैल माह में जिले में हुई 31 सड़क दुर्घटनाओं के आंकड़े प्रस्तुत किए गए, जिनमें 24 लोगों की मौत और 14 लोग घायल हुए। उपायुक्त ने इन आंकड़ों को गंभीर बताते हुए कहा कि अधिकांश हादसे यातायात नियमों की अनदेखी, हेलमेट और सीट बेल्ट का उपयोग नहीं करने, तेज रफ्तार और शराब पीकर वाहन चलाने के कारण हुए हैं। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि आम नागरिकों की भी सहभागिता जरूरी है।
उपायुक्त ने राष्ट्रीय एवं राज्य उच्च पथों पर दुर्घटना संभावित स्थलों की पहचान कर वहां जरूरी सुरक्षा उपाय तत्काल सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने संबंधित विभागों को रंबल स्ट्रिप, रेडियम संकेतक, स्ट्रीट लाइट मरम्मत, क्रैश बैरियर और स्लाइडिंग बैरियर लगाने के साथ ब्लैक स्पॉट चिन्हित कर सुधारात्मक कार्रवाई करने को कहा। साथ ही ओवरस्पीडिंग रोकने के लिए नियमित जांच अभियान चलाने का निर्देश दिया गया।
स्कूली बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए उपायुक्त ने कहा कि ग्रीष्मावकाश के बाद स्कूल वाहनों, वैन और ऑटो की विशेष जांच अभियान चलाया जाएगा। बिना फिटनेस, बिना परमिट, ओवरलोडिंग करने वाले तथा पुराने और जर्जर वाहनों को स्कूल परिवहन में उपयोग की अनुमति नहीं दी जाएगी।
बैठक में परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस को संयुक्त रूप से ड्रिंक एंड ड्राइव, बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग और बिना सीट बेल्ट वाहन चलाने वालों के खिलाफ नियमित अभियान चलाने का निर्देश दिया गया। इसके अलावा प्रमुख चौक-चौराहों और दुर्घटना संभावित इलाकों में जागरूकता अभियान चलाने पर भी जोर दिया गया।
उपायुक्त ने स्कूल और कॉलेजों में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने तथा युवाओं के बीच हेलमेट उपयोग को लेकर विशेष अभियान चलाने की बात कही। उन्होंने कहा कि युवाओं में यातायात नियमों के प्रति अनुशासन विकसित करना बेहद जरूरी है ताकि दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।
हिट एंड रन मामलों की समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने पीड़ित परिवारों को मुआवजा भुगतान की प्रक्रिया में तेजी लाने और लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। बैठक में रूरल एसपी, एसडीएम धालभूम, एएसपी, डीटीओ, एसडीओ धालभूम, एसडीपीओ घाटशिला, डीएसपी मुख्यालय समेत संबंधित विभागों के अधिकारी, ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन और स्कूल वाहन संचालकों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
