नदी घाट तक दो करोड़ की लागत से बन चुकी है सड़क
पुलिया नहीं होने से बरसात में बढ़ जाती है ग्रामीणों की परेशानी
रैयतदारों ने निर्माण के लिए जमीन देने की जताई सहमति
चाकुलिया: पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया प्रखंड की जुगीतोपा पंचायत के कदमाशोली गांव के ग्रामीणों को धैर्य जवाब दे गया। गुरुवार को
ग्रामीणों ने गुरुवार को कूपन नदी पर पुलिया निर्माण की मांग को लेकर नदी घाट पर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना है कि वर्षों से पुलिया निर्माण की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं हुई है।
ग्रामीणों के अनुसार मुढ़ाठाकुरा से कूपन नदी घाट तक लगभग दो करोड़ रुपये की लागत से सड़क का निर्माण कराया जा चुका है, लेकिन नदी पर पुलिया नहीं बनने के कारण सड़क का पूरा लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है।
बरसात के दिनों में नदी का जलस्तर बढ़ने और तेज बहाव के कारण आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो जाता है।
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने बताया कि पुलिया के अभाव में उन्हें पंचायत मुख्यालय मिश्रीकांटा पहुंचने के लिए करीब छह किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय कर बड़शोल होकर जाना पड़ता है। यदि पुलिया का निर्माण हो जाए तो यह दूरी घटकर मात्र दो किलोमीटर रह जाएगी।
ग्रामीणों ने कहा कि बरसात के मौसम में विद्यार्थियों को स्कूल-कॉलेज जाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। वहीं मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में भी काफी विलंब होता है, जिससे कई बार गंभीर स्थिति उत्पन्न हो जाती है।
ग्रामीणों ने यह भी बताया कि पुलिया निर्माण के लिए आवश्यक भूमि उपलब्ध कराने को गांव के रैयतदार रसराज मंडल, स्वप्न कुमार सिंह, अजय कुमार सरदार और चंद्र मोहन सरदार तैयार हैं। उन्होंने अपनी जमीन दान देने की सहमति भी जताई है।
प्रदर्शन में ग्राम प्रधान भरत सिंह मुंडा समेत तुतुल महतो, शंभूनाथ महतो, नवीन मुंडा, सुकुमार महतो, पंकज महतो, प्रफुल कुमार महतो, पंचानन मंडल, पुष्पेन सिंह, बासुदेव सिंह, नरेंद्र नाथ मुंडा, सुशील मुंडा, अमलेंदु सिंह, मधुसूदन सिंह, तारिणी मंडल, ललिता महतो, सावित्री महतो, निमकी महतो, रेणुका महतो, अनिता महतो, मुक्ता रानी मंडल, सोमवारी सिंह, रेणुका सिंह और सोनाली पातर सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द पुलिया निर्माण की दिशा में पहल नहीं की गई तो वे आंदोलन को और तेज करेंगे। साथ ही उन्होंने कहा कि इस मांग को लेकर क्षेत्र के विधायक समीर कुमार मोहंती को ज्ञापन सौंपा जाएगा। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन के साथ-साथ जनप्रतिनिधियों को भी अल्टीमेटम दिया है।
