सरायकेला में, एक मजदूर और उसका परिवार कांड्रा ओवरब्रिज के पास अपने घर में बेहोश पाए गए, और डॉक्टरों को जहर से तबियत खराब होने की आशंका है.
सरायकेला – एक चौंकाने वाली सूचना में, अमलगम कंपनी के एक मजदूर, 45 वर्षीय रमेश हांसदा, उनकी पत्नी 40 वर्षीय माधुरी हांसदा, बड़ी बेटी 14 वर्षीय प्रतिमा और 9 वर्षीय छोटी बेटी प्रिया को घर से बेहोशी की अवस्था में पाया किया गया. कांड्रा ओवरब्रिज के पास किराये के मकान में रह रहे एक युवक एवं उसके परिवार के सदस्यों को शनिवार की सुबह पुलिस ने बेहोशी की हालत में पाया.
उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया.
डॉक्टरों ने मजदूर रमेश हांसदा और उनकी छोटी बेटी प्रिया की हालत गंभीर बताते हुए उन्हें जमशेदपुर रेफर कर दिया है.
वहीं पत्नी माधुरी और बड़ी बेटी प्रतिमा का इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है.
घटना के संबंध में बताया जा रहा है कि मजदूर रमेश हांसदा परिवार के साथ कांड्रा ओवर ब्रिज के पास राजू महतो के मकान में किराये पर रहता था.
शुक्रवार की रात मजदूर अपने परिवार के साथ खा-पीकर अपने घर में सो गया.
सुबह जब काफी देर तक दरवाजा नहीं खुला तो मकान मालिक ने पुलिस को सूचना दी.
मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से घर का एस्बेस्टस तोड़कर घर में प्रवेश किया.
पुलिस ने देखा कि सभी लोग बेहोश पड़े थे.
जिसके बाद उन्होंने तुरंत सभी को बचाते हुए सरायकेला सदर अस्पताल पहुंचाया.
रमेश हांसदा और उनकी छोटी बेटी प्रिया की गंभीर स्थिति को देखते हुए दोनों को जमशेदपुर रेफर कर दिया गया.
डॉक्टर उनके बेहोश होने के पीछे जहर की आशंका जता रहे हैं.
वैसे मजदूर और उसका परिवार इस स्थिति तक कैसे पहुंचा, इसका खुलासा अभी तक नहीं हो पाया है.
फिलहाल डॉक्टर सभी सदस्यों की जान बचाने की कोशिश कर रहे हैं.
