90 वर्ष की आयु में वरिष्ठ समाजसेवी ने ली अंतिम सांस
मुख्य बिंदु:
मानगो के वरिष्ठ समाजसेवी महेंद्र नारायण सिंह का निधन
टाटा स्टील में 39 वर्षों तक दी सेवाएं
सामाजिक और धार्मिक कार्यों में निभाई सक्रिय भूमिका
जमशेदपुर – मानगो के पंचवटी कॉलोनी निवासी वरिष्ठ समाजसेवी महेंद्र नारायण सिंह का 90 वर्ष की आयु में निधन हो गया, जिससे मानगो समेत पूरे शहर के सामाजिक क्षेत्र में शोक का माहौल है।
मानगो के डिमना चौक स्थित पंचवटी कॉलोनी निवासी महेंद्र नारायण सिंह का रविवार देर शाम उनके आवास पर निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही क्षेत्र के सामाजिक और सार्वजनिक जीवन से जुड़े लोगों में शोक की लहर फैल गई।
वे अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके दामाद चंद्रदेव सिंह राकेश झारखंड के वरिष्ठ पत्रकारों में शामिल हैं।
महेंद्र नारायण सिंह को समाज सेवा और मानवीय मूल्यों के प्रति समर्पित व्यक्तित्व के रूप में जाना जाता था। जरूरतमंदों की सहायता के लिए वे हमेशा तत्पर रहते थे। परिचित और अपरिचित लोगों की मदद करना उनकी विशेष पहचान थी।
वहीं, उनके व्यवहार और सेवा भावना ने उन्हें क्षेत्र में विशेष सम्मान दिलाया। लोग उन्हें संवेदनशील और कर्मशील समाजसेवी के रूप में जानते थे।
बिहार के भोजपुर जिले के कोइलवर क्षेत्र स्थित श्रीपालपुर गांव में 29 सितंबर 1936 को उनका जन्म हुआ था। प्रारंभिक और उच्च शिक्षा पूरी करने के बाद वे रोजगार के लिए जमशेदपुर आए।
इसके बाद उन्होंने 21 जनवरी 1960 को टाटा स्टील में नौकरी शुरू की। लगभग 39 वर्षों तक विभिन्न जिम्मेदारियां निभाने के बाद वर्ष 1999 में सेवानिवृत्त हुए।
सेवानिवृत्ति के बाद उन्होंने स्वयं को पूरी तरह समाज सेवा के कार्यों में समर्पित कर दिया। मानगो क्षेत्र की सामाजिक, सांस्कृतिक और सामुदायिक गतिविधियों में उनकी सक्रिय भागीदारी बनी रही।
इसके अलावा, वे क्षत्रिय समाज की मानगो इकाई से भी जुड़े रहे। संगठन के विकास और सामाजिक कार्यों में उन्होंने लगातार योगदान दिया।
उधर, स्वर्णरेखा नदी तट स्थित हाथी घोड़ा मंदिर समिति के कार्यों में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। धार्मिक और सामाजिक आयोजनों में उनकी उपस्थिति हमेशा देखी जाती थी।
ध्यान देने योग्य बात यह है कि उन्होंने जीवनभर लोगों को जोड़ने का प्रयास किया। उनकी सादगी, मिलनसार स्वभाव और सेवा भावना को परिवार, मित्र और शुभचिंतक लंबे समय तक याद रखेंगे।



