जमशेदपुर : लौहनगरी के बहुचर्चित उद्यमी पुत्र कैरव गांधी अपहरण कांड का आखिरकार पुलिस ने नाटकीय अंदाज में पटाक्षेप कर दिया।
13 जनवरी से लापता चल रहे कैरव गांधी को 14 दिन बाद तड़के करीब 4:30 बजे पुलिस ने सकुशल बरामद कर उनके आवास पहुंचाया।
बेटे को देखते ही परिजनों की आंखें भर आईं और पूरे परिवार ने राहत की सांस ली।
इस सनसनीखेज मामले के खत्म होने से शहर के कारोबारी जगत में भी सुकून का माहौल है।
उच्च प्राथमिकता पर चला अभियान, बनीं कई विशेष टीमें
इस संवेदनशील मामले को पुलिस प्रशासन ने शुरू से ही सर्वोच्च प्राथमिकता पर रखा था। एसएसपी पीयूष पांडेय के निर्देशन में सिटी एसपी शिवाशिष कुमार और ग्रामीण एसपी के नेतृत्व में कई विशेष टीमों का गठन किया गया।
इन टीमों ने तकनीकी निगरानी, संभावित ठिकानों की पहचान और लगातार छापेमारी के जरिए पूरे मामले की कड़ियां जोड़ते हुए अभियान को अंजाम दिया।
चौबीसों घंटे चले ऑपरेशन और सटीक रणनीति का ही नतीजा रहा कि कैरव गांधी को बिना किसी अनहोनी के सुरक्षित बरामद कर लिया गया।
पुलिस की रणनीति और टीमवर्क से मिली कामयाबी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस पूरे ऑपरेशन में स्थानीय पुलिस के साथ-साथ झारखंड पुलिस की विभिन्न इकाइयों ने भी समन्वय के साथ काम किया। तकनीकी साक्ष्यों, गोपनीय सूचनाओं और जमीनी इनपुट्स के आधार पर संदिग्ध ठिकानों पर लगातार दबिश दी गई। समय पर लिए गए फैसलों और टीमवर्क ने इस चुनौतीपूर्ण मिशन को सफलता तक पहुंचाया।
जल्द हो सकता पूरे मामले का खुलासा
पुलिस प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि इस पूरे अपहरण कांड से जुड़े तथ्यों और कार्रवाई का आधिकारिक खुलासा शीघ्र किया जाएगा। फिलहाल, कैरव गांधी की सुरक्षित बरामदगी को पुलिस के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। इस सफलता ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि सशक्त नेतृत्व, त्वरित निर्णय और समर्पित टीमवर्क के बल पर किसी भी जटिल चुनौती से प्रभावी ढंग से निपटा जा सकता है।
परिजनों ने जताया आभार, भावुक हुए पिता देवांग गांधी
कैरव गांधी के पिता देवांग गांधी ने बेटे की सकुशल वापसी पर पुलिस प्रशासन का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस कठिन समय में पुलिस अधिकारियों ने लगातार परिवार से संपर्क बनाए रखा और हर स्तर पर सहयोग किया, जिससे उनका भरोसा बना रहा कि उनका बेटा सुरक्षित वापस लौटेगा। उन्होंने झारखंड पुलिस और स्थानीय प्रशासन की कार्यशैली की सराहना करते हुए कहा कि उनके समर्पण के कारण ही आज उनका परिवार फिर से मुस्कुरा पाया है।
चेंबर ऑफ कॉमर्स ने की संयम बरतने की अपील
सिंहभूम चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष मानव केडिया ने भी इस सफलता पर पुलिस को बधाई दी है। उन्होंने आम लोगों और शुभचिंतकों से अपील की है कि वे कैरव गांधी के आवास पर भीड़ न लगाएं और परिवार की निजता का सम्मान करें। लंबे तनाव और मानसिक दबाव के बाद परिवार को अब कुछ समय शांति और एकांत में बिताने की जरूरत है।
