![]()
कोलकाता, 15 जून (आईएएनएस)। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के राष्ट्रीय महासचिव और लोकसभा सांसद अभिषेक बनर्जी ने सोमवार को दावा किया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पश्चिम बंगाल में विपक्षविहीन राजनीतिक व्यवस्था स्थापित करने की पूरी कोशिश कर रही है।
उन्हें कोलकाता के उत्तरी बाहरी इलाके साल्ट लेक स्थित प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) कार्यालय में 11 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ के लिए बुलाया गया था। रात करीब 10 बजे ईडी कार्यालय से बाहर निकलने के बाद अभिषेक बनर्जी ने मीडिया से बातचीत की और परोक्ष रूप से कहा कि राज्य और केंद्रीय जांच एजेंसियों की ओर से उनके खिलाफ की जा रही कार्रवाई भाजपा की प्रतिशोध की राजनीति का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य पश्चिम बंगाल में विपक्ष को खत्म करना है।
उन्होंने कहा, “भाजपा के बारे में जितना कम कहा जाए, उतना बेहतर है। एक तरफ वे विपक्षी दलों में सेंध लगाने की कोशिश कर रहे हैं। पिछले एक महीने से उन विपक्षी ताकतों को दबाने, डराने और खत्म करने का प्रयास किया जा रहा है, जो झुके बिना लड़ाई लड़ रही हैं। यह पूरा अभियान पश्चिम बंगाल में विपक्षविहीन राजनीतिक व्यवस्था स्थापित करने के लिए चलाया जा रहा है।”
अभिषेक बनर्जी ने यह भी आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के जरिए मतदाता सूची में हेरफेर करने और मतगणना में गड़बड़ी कर चुनाव जीतने के बाद अब भाजपा विपक्ष को उसका लोकतांत्रिक अधिकार भी नहीं देना चाहती।
उन्होंने कहा, “उन्होंने हमारी पार्टी के निर्वाचित विधायकों और सांसदों को तोड़ने का काम किया है, लेकिन मैं सिर्फ इतना कहना चाहता हूं कि इन सभी कोशिशों का अंततः कोई परिणाम नहीं निकलेगा। हमारा गला काट दिया जाए, तब भी हम आत्मसमर्पण नहीं करेंगे।”
अभिषेक बनर्जी को मंगलवार, 16 जून को दक्षिण कोलकाता स्थित भवानी भवन में अपराध जांच विभाग (सीआईडी) मुख्यालय में भी पूछताछ के लिए उपस्थित होना होगा। यह पूछताछ उनके खिलाफ दर्ज एक एफआईआर के संबंध में होगी, जिसमें उन पर हाल ही में संपन्न हुए विधानसभा चुनावों से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को धमकी देने और हिंसा भड़काने का आरोप लगाया गया है।
सीआईडी अधिकारियों ने उन्हें 12 जून की शाम को इस संबंध में नोटिस जारी किया था।
एएमटीडीकेपी
