जमशेदपुर : झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष (दर्जा-राज्य मंत्री) प्रणोष सोलोमन एवं सदस्य एकरारूल हसन 28 अगस्त को जमशेदपुर परिसदन में विभिन्न अल्पसंख्यक समुदायों के प्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे और उनकी समस्याओं को सुनेंगे।
ऑल इंडिया क्रिस्चन माइनॉरिटी फ्रंट के अध्यक्ष श्री अजित तिर्की ने कहा है कि हाल के दिनों में जमशेदपुर और आसपास के क्षेत्रों में धर्म के नाम पर प्रताड़ना और भेदभाव की घटनाएँ बढ़ रही हैं। यह न केवल मानवाधिकारों का उल्लंघन है बल्कि भारतीय संविधान के मूल अधिकारों के भी विरुद्ध है। उन्होंने याद दिलाया कि संविधान का अनुच्छेद 25 से 28 हर नागरिक को धर्म की स्वतंत्रता, आस्था और उपासना का अधिकार प्रदान करता है। धर्म के आधार पर किसी भी प्रकार का उत्पीड़न या हिंसा संविधान की भावना और लोकतांत्रिक मूल्यों पर सीधा आघात है। उन्होंने कहा कि आयोग की बैठक उन सभी पीड़ितों के लिए एक अवसर है, जो वर्षों से अपनी आवाज़ बुलंद करने में असमर्थ रहे हैं। आयोग के समक्ष सीधे अपनी व्यथा रखने से उन्हें न्याय और उचित कार्रवाई की उम्मीद मिलेगी। गुरुवार को दोपहर दो बजे जमशेदपुर परिसदन में बैठक होगी।
अजित तिर्की ने अल्पसंख्यक समुदाय के सभी लोगों, विशेषकर धार्मिक प्रताड़ना के शिकार व्यक्तियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित हों और संविधान प्रदत्त अपने अधिकारों की रक्षा के लिए अपनी समस्याएँ आयोग के समक्ष रखें।
