झारखंड में एक माह में शुरू होंगी एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों की कक्षाएं, पूर्वी सिंहभूम जिले में , सभी सीटों पर नामांकन सुनिश्चित करने पर जोर
जमशेदपुर : झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन द्वारा समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में आयोजित बैठक में उपायुक्त l कर्ण सत्यार्थी की अध्यक्षता में एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों की जिला स्तरीय समिति की समीक्षा बैठक संपन्न हुई।
इस बैठक में बहरागोड़ा, पोटका, डुमरिया और धालभूमगढ़ प्रखंड स्थित विद्यालयों के संचालन, संसाधन और नामांकन से जुड़ी अहम योजनाओं पर गहन चर्चा हुई।
उपायुक्त ने निर्देश दिए कि इन विद्यालयों की कक्षाएं एक माह के भीतर हर हाल में प्रारंभ की जाएं। साथ ही उन्होंने विद्यालयों में शिक्षण कार्य, सुरक्षा व्यवस्था, आधारभूत ढांचे और मानव संसाधन की उपलब्धता को दुरुस्त करने पर जोर दिया।
नामांकन व शिक्षकों की नियुक्ति को मिलेगी प्राथमिकता
बैठक में यह सुनिश्चित करने की बात कही गई कि सभी विद्यालयों में शत-प्रतिशत सीटों पर छात्रों का नामांकन कराया जाए।
शैक्षणिक पदों पर नियुक्ति के लिए इस माह के अंत तक विज्ञापन प्रकाशित कर शिक्षकों की बहाली प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए।वहीं, गैर-शैक्षणिक स्टाफ की तैनाती के लिए आउटसोर्सिंग एजेंसियों के माध्यम से नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू करने की बात कही गई।
आधारभूत सुविधाएं व सुरक्षा को लेकर सख्ती
उपायुक्त ने बुनियादी सुविधाओं जैसे ब्लैकबोर्ड, ट्रांसफॉर्मर, बोरिंग, बिजली, बेंच-डेस्क, मेस, स्टेशनरी, ड्रेस आदि की उपलब्धता के लिए संबंधित एजेंसियों और अधिकारियों को निर्देशित किया।
घेराबंदी और सुरक्षा के लिए जल्द प्राक्कलन तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा गया है ताकि विद्यालयों को पूरी तरह सुरक्षित बनाया जा सके।
फिलहाल कक्षा 6 से 8 तक ही होगा नामांकन
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि वर्तमान में एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों में कक्षा 6 से 8 तक ही नामांकन लिया जाएगा, ताकि प्रारंभिक स्तर पर गुणवत्ता युक्त शिक्षा सुनिश्चित की जा सके।
बैठक में शामिल प्रमुख अधिकारी
बैठक में कई विभागीय अधिकारी मौजूद रहे, जिनमें प्रमुख रूप से शंकराचार्य समद – जिला कल्याण पदाधिकारी,पंचानन उरांव – जिला जनसंपर्क पदाधिकारी, संध्या रानी – जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, मनोज कुमार – जिला शिक्षा पदाधिकारी, डॉ. ए मित्रा – स्वास्थ्य विभाग तथा समिति के अन्य सदस्य भी उपस्थित रहे ।
