मशाल रैली में अधूरे वादों और कथित भ्रष्टाचार पर प्रकाश डाला गया
भाजयुमो जमशेदपुर ने मशाल जुलूस निकाल कर हेमंत सोरेन सरकार पर युवाओं को धोखा देने और भ्रष्टाचार में लिप्त होने का आरोप लगाया।
जमशेदपुर – भाजपा की युवा शाखा ने हेमंत सोरेन सरकार की कथित युवा विरोधी नीतियों और भ्रष्टाचार के विरोध में जमशेदपुर में मशाल जुलूस का आयोजन किया।
रैली में हजारों पार्टी कार्यकर्ताओं ने भाग लिया, जो साकची स्थित जिला भाजपा कार्यालय से शुरू हुई और साकची शहीद चौक पर समाप्त हुई।
प्रदर्शनकारियों ने राज्य सरकार के खिलाफ नारे लगाए और उस पर युवा हितों की उपेक्षा करने तथा वादाखिलाफी का आरोप लगाया।
रैली का नेतृत्व भाजयुमो जिला अध्यक्ष नीतीश कुमार ने किया, जिसमें वरिष्ठ भाजपा नेता भी उपस्थित थे।
भाजपा जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष सुधांशु ओझा ने चुनावी वादों को पूरा करने में विफल रहने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की आलोचना की।
ओझा ने कहा, “सरकार ने प्रमुख परीक्षाओं में भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया है, जिससे मेहनती छात्रों का भविष्य बर्बाद हो रहा है।”
उन्होंने घोषणा की कि 23 अगस्त को रांची में होने वाली “युवा आक्रोश रैली” की तैयारियां अंतिम चरण में हैं।
ओझा ने कहा, “यह रैली ऐतिहासिक होगी। इस बार युवाओं की लड़ाई निर्णायक होगी।”
भाजयुमो जिला अध्यक्ष नीतीश कुमार ने आगामी रैली के लिए जमशेदपुर के युवाओं में उत्साह का उल्लेख किया।
कुमार ने कहा, ‘‘मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने युवाओं से किया गया एक भी वादा पूरा नहीं किया है।’’
उन्होंने कहा कि सरकार की उदासीनता ने युवाओं को अगले विधानसभा चुनाव की तैयारी के लिए प्रेरित किया है।
प्रदर्शनकारियों ने राज्य सरकार पर युवाओं को धोखा देने तथा उनके सपनों और भविष्य से समझौता करने का आरोप लगाया।
उन्होंने रोजगार सृजन और बेरोजगारी लाभ सहित अधूरे वादों पर प्रकाश डाला।
भाजपा नेताओं ने युवाओं से 23 अगस्त को मोरहाबादी मैदान में आयोजित रैली में शामिल होकर मौजूदा सरकार को ‘विदाई’ देने का आह्वान किया।
