मुसाबनी में करंट लगने से माँ और बेटी की दर्दनाक मौत

घाटशिला में 60 वर्षीय महिला और उसकी बेटी की कपड़े धोने के दौरान लोहे के तार पर करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई।

घाटशिला – घाटशिला के मुसाबनी के निवासियों को आज सुबह एक दुखद घटना की सूचना मिली, जब एक 60 वर्षीया महिला, बासो सोरेन और उनकी बेटी, मालती सोरेन, लोहे के तार पर कपड़े लटकाते समय बिजली की चपेट में आ गईं।

घटना की गवाह बासो सोरेन की पोती सुमन और शबनम ने बताया कि उनकी दादी कपड़े धो रही थीं और उन्हें सूखने के लिए टांगने की प्रक्रिया में थीं, तभी वह अचानक बेहोश हो गईं।

अपनी मां की मदद करने के चक्कर में मालती भी बिजली के तार और कपड़े में फंस गयी.

घटना की खबर सुनते ही आसपास के निवासी पीड़ितों को तार से अलग करने के लिए लकड़ी के डंडे लेकर घटनास्थल पर पहुंचे।

यह घटना एक साल पहले मुसाबनी में घटी घटना से काफी मिलती-जुलती है, जिसमें एक जोनल कर्मचारी की उसके घर में करंट लगने से मौत हो गई थी।

एक सप्ताह पहले ही जिला स्तरीय बैठक में उपायुक्त ने बिजली विभाग को खासकर बरसात में कपड़े सुखाने के लिए लोहे के तार के इस्तेमाल के खतरों के बारे में जागरूकता पैदा करने का निर्देश दिया था.

प्रखंडों को भी इस संदेश का प्रचार-प्रसार करने की सलाह दी गयी.

लेकिन, ऐसा प्रतीत होता है कि न तो बिजली विभाग और न ही ब्लॉक के अधिकारियों ने इस तरह का कोई प्रचार-प्रसार शुरू किया है.

Join Our Newsletter

यह भी पढ़ें

सरकार के प्रतिबंध के बाद अब गूगल प्ले स्टोर पर भी उपलब्ध नहीं मैसेजिंग ऐप टेलीग्राम

नई दिल्ली, 16 जून (आईएएनएस)। सरकार ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की सिफारिशों के बाद परीक्षा संबंधी धोखाधड़ी को रोकने के उद्देश्य से पूरे...

बिजली दर बढ़ने पर श्याम बिहारी जायसवाल बोले, इसके पीछे सरकार की व्यक्तिगत मंशा नहीं

रायपुर, 16 जून (आईएएनएस)। छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बिजली के बढ़े हुए दामों को लेकर सफाई दी है। उन्होंने मंगलवार...

अभिमत

झारखंड राज्यसभा चुनाव से तय होंगे बड़े राजनीतिक संकेत

झारखंड की राज्यसभा सीटों पर 18 जून को होने वाला चुनाव कांग्रेस की राजनीतिक ताकत, इंडिया गठबंधन की एकता और विपक्षी रणनीति के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

विश्वसनीय पत्रकारिता के पुरोधा राधेश्याम अग्रवाल : जिनकी विरासत आज भी रोशन कर रही है मीडिया का मार्ग

अग्रवाल साहब ने केवल एक समाचार पत्र की स्थापना नहीं की, बल्कि उन्होंने इस क्षेत्र में पत्रकारिता की ऐसी मजबूत नींव रखी, जिस पर आगे चलकर पूरे मीडिया उद्योग का विस्तार हुआ।

ज़िद

संपादक की पसंद

तृणमूल कांग्रेस के बागी सांसदों में हिम्मत होती तो इस्तीफा देते, हुमायूं कबीर ने कसा तंज

कोलकाता, 16 जून (आईएएनएस)। आम जनता उन्नयन पार्टी (एजेयूपी) के प्रमुख हुमायूं कबीर ने मंगलवार को कहा कि अगर तृणमूल के 20 पूर्व सांसदों...

विक्रम भट्ट ने पीएम मोदी की नेतृत्व शैली को सराहा, बोले- देश में जगाया आत्मविश्वास

नई दिल्ली, 11 जून (आईएएनएस)। फिल्म निर्देशक विक्रम भट्ट ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने देशवासियों के...

Feel like reacting? Express your views here!

यह भी

आपकी राय

अन्य समाचार व अभिमत