जमशेदपुर में 22–23 मई को राष्ट्रीय ‘पर्वत एवं नदी सम्मेलन’, संरक्षण के लिए कानून पर मंथन

-दो दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार में देशभर के पर्यावरणविद जुटेंगे

-नदियों और पहाड़ों के संरक्षण के लिए ठोस कानून बनाने पर होगी चर्चा

-जलपुरुष राजेंद्र सिंह, सरयू राय आयोजन समिति के संरक्षक
-मोतीलाल नेहरू पब्लिक स्कूल में होगा आयोजन
-कार्यक्रम के सफल संचालन हेतु 14 विभागों का सृजन
-मुख्य आयोजक हैं तरुण भारत संघ और युगांतर भारती

जमशेदपुर। शहर में 22 और 23 मई को दो दिवसीय ‘पर्वत एवं नदी सम्मेलन’ का आयोजन किया जा रहा है। राष्ट्रीय स्तर के इस सेमिनार में देशभर से पर्यावरणविद, विशेष रूप से नदियों और पहाड़ों के संरक्षण के लिए कार्यरत लोग शामिल होंगे। सम्मेलन में पर्वत और नदियों की वर्तमान स्थिति, भविष्य और संरक्षण के उपायों पर विस्तृत चर्चा की जाएगी।

कार्यक्रम का आयोजन तरुण भारत संघ और युगांतर भारती के संयुक्त तत्वावधान में मोतीलाल नेहरू पब्लिक स्कूल में होगा। इसमें आईआईटी (आईएसएम, धनबाद), जल बिरादरी, नेचर फाउंडेशन, स्वर्णरेखा क्षेत्र विकास ट्रस्ट और मिशन वाई भी सहयोगी संस्थाओं के रूप में शामिल हैं। 22 मई को सुबह 9 बजे उद्घाटन के साथ कार्यक्रम शुरू होगा, जो शाम 6 बजे तक चलेगा। वहीं 23 मई को सुबह 9 बजे से अपराह्न 2:30 बजे तक सत्र आयोजित होंगे।

सेमिनार के सफल संचालन के लिए एक आयोजन समिति गठित की गई है। इसके संरक्षक के रूप में जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय और जलपुरुष राजेंद्र सिंह शामिल हैं। प्रसिद्ध पर्यावरणविद दिनेश मिश्र को संयोजक और अंशुल शरण को सह-संयोजक बनाया गया है, जबकि मनोज कुमार सिंह आयोजन समिति के अध्यक्ष हैं। समिति में कई शिक्षाविद, सामाजिक कार्यकर्ता और पर्यावरण प्रेमी शामिल किए गए हैं।

कार्यक्रम को व्यवस्थित रूप से संचालित करने के लिए विभिन्न विभागों का गठन किया गया है, जिनमें निबंधन, आवास, भोजन, यातायात, साज-सज्जा, आमंत्रण, प्रचार-प्रसार, मीडिया समन्वय, अतिथि सत्कार, पेयजल एवं स्वच्छता, सांस्कृतिक गतिविधियां और फोटोग्राफी-वीडियोग्राफी जैसे विभाग शामिल हैं।


पहाड़ और नदियों के लिए कानून जरूरी: सरयू राय

बिष्टुपुर में आयोजित आयोजन समिति की बैठक में सरयू राय ने कहा कि आजादी के दशकों बाद भी पहाड़ों और नदियों के संरक्षण के लिए कोई समर्पित कानून नहीं बन पाया है। वन और सिंचाई विभाग द्वारा बनाए गए नियम इन संसाधनों पर केंद्रित नहीं हैं। ऐसे में एक समग्र कानून की आवश्यकता है, जिसके लिए इस सेमिनार में मसौदा तैयार करने पर विचार होगा।

उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में कार्यरत विशेषज्ञ अपने अनुभव साझा करेंगे और एक ऐसा ड्राफ्ट तैयार किया जाएगा, जिसे केंद्र सरकार के समक्ष रखा जा सके। यदि इसे स्वीकार किया गया, तो यह देश में पर्वत और नदी संरक्षण की दिशा में बड़ा कदम होगा।

सरयू राय ने स्वर्णरेखा नदी का उदाहरण देते हुए कहा कि पहले इसके प्रदूषण को लेकर लोगों में जागरूकता नहीं थी, लेकिन आज इसकी स्थिति चिंता का विषय बन चुकी है। नदी में ऑक्सीजन की कमी से जलीय जीवों पर संकट बढ़ रहा है।

उन्होंने अरावली में अवैध खनन पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले का जिक्र करते हुए कहा कि पहाड़ों की स्पष्ट परिभाषा नहीं होने के कारण कई समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं। इसलिए इनके संरक्षण के लिए ठोस और स्पष्ट कानून बनाना जरूरी है।

वहीं पर्यावरणविद दिनेश मिश्र ने कहा कि पहाड़ मौजूद हैं, लेकिन तेजी से खत्म होते जा रहे हैं। जरूरत है कि तथ्यों के साथ सरकार तक बात पहुंचाई जाए। इसके लिए हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में दस्तावेज तैयार किए जाएंगे।

बैठक में सुधीर सिंह ने विषय प्रवेश कराया, जबकि मनोज कुमार सिंह ने आयोजन की रूपरेखा प्रस्तुत की। अंत में स्वर्णरेखा क्षेत्र विकास ट्रस्ट के ट्रस्टी अशोक गोयल ने धन्यवाद ज्ञापन किया। बैठक में बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता और आयोजन समिति के सदस्य मौजूद थे।

Join Our Newsletter

यह भी पढ़ें

जमशेदपुर:मनीष सिंह गैंग का सक्रिय सदस्य गिरफ्तार, हत्या की साजिश का खुलासा

जमशेदपुर। शहर में सक्रिय कुख्यात अपराधी मनीष सिंह गिरोह के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने गिरोह के एक अहम सदस्य...

राजनगर में जच्चा-बच्चा की मौत को लेकर सरायकेला प्रशासन हरकत में, सांसद जोबा माझी व DC ने की पीड़ित परिवार से मुलाकात

सांसद जोबा माझी ने कहा- निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी प्रशासनिक टीम ने स्वास्थ्य सेवाओं का निरीक्षण किया, प्रसव के...

अभिमत

ज़िद

ज़िद है आगे बढ़ने की,सबको पीछे छोड़करनया इतिहास गढ़ने की। ज़िद है मज़बूत बनने की,हर मुश्किल का सामना करने की,गिरकर भी हौसला बनाए रखने की। ज़िद...

जमशेदपुर में विंटर फेस्ट के तहत “जैम एट स्ट्रीट” बना आकर्षण का केंद्र, कलाकारों ने अपनी कला का प्रदर्शन कर खूब वाहवाही बटोरी

जमशेदपुर : जमशेदपुर के विंटर फेस्ट के तहत "जैम एट स्ट्रीट" (Jam@Street) एक बड़ा आकर्षण बना, जहाँ बिस्टुपुर की सड़कों पर संगीत, नृत्य, योग,...

संपादक की पसंद

रांची में टीपीसी के नाम पर रंगदारी वसूलने वाले दो उग्रवादी गिरफ्तार, हथियार बरामद

ओरमांझी में 10 लाख रंगदारी मांगने वाले दो उग्रवादी धराए पुलिस ने हथियार और आपत्तिजनक सामान किया बरामद कई जिलों में लेवी वसूली व अन्य आपराधिक...

DELAYED TRAINS ON CHANDIL TATA SECTION, CM DEMAND,IMMEDIATE ACTION चांडिल–टाटा रेलखंड पर लेट ट्रेनों को लेकर सख्त हुए सीएम, रेल मंत्री से तुरंत कार्रवाई...

रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री Hemant Soren ने चांडिल–टाटा रेल सेक्शन में यात्री ट्रेनों की लगातार देरी पर गहरी नाराज़गी जताई है। उन्होंने इस स्थिति...

Feel like reacting? Express your views here!

यह भी

आपकी राय

अन्य समाचार व अभिमत