श्रद्धा, संस्कृति व पर्यावरण चेतना का संगम — दोमुहानी संगम महोत्सव 2026 का भव्य शुभारंभ

बुधवार को होगी स्वर्णरेखा–खरकई तट पर दिव्य गंगा आरती] भारी भीड़ जुटने का अनुमान

जमशेदपुर : लौहनगरी जमशेदपुर के नागरिकों की आस्था, संस्कृति एवं पर्यावरण चेतना का प्रतीक बन चुका “दोमुहानी संगम महोत्सव” का दो दिवसीय आयोजन बुधवार को सोनारी स्थित पावन दोमुहानी संगम स्थल पर भव्य रूप से प्रारंभ हुआ। इस महोत्सव का आयोजन हिन्दू उत्सव समिति एवं उम्मीद एक अभियान के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है।

महोत्सव के पहले दिन का शुभारंभ नदी अभिषेक एवं पूजन के साथ हुआ, जिसके पश्चात छात्रों द्वारा प्रस्तुत गणेश वंदना एवं नृत्य प्रस्तुति से सांस्कृतिक कार्यक्रमों की औपचारिक शुरुआत की गई। पूरे वातावरण में श्रद्धा, उल्लास एवं सांस्कृतिक ऊर्जा का अद्भुत संगम देखने को मिला।

पर्यावरण संरक्षण पर केंद्रित विचार गोष्ठी

महोत्सव के प्रथम दिन पर्यावरण विषयक विचार गोष्ठी का भी सफल आयोजन किया गया। इस गोष्ठी में देश के प्रतिष्ठित पर्यावरणविदों ने अपने विचार साझा किए।

पर्यावरणविदों ने अपने संबोधन में स्वर्णरेखा नदी की वर्तमान स्थिति, ऐतिहासिक महत्व एवं भविष्य की चुनौतियों पर प्रकाश डाला। वक्ताओं ने कहा कि विश्व की समस्त नदियाँ हमारी माताएँ हैं, किंतु आज मानव अपने स्वार्थवश इन्हीं नदियों पर अत्याचार कर रहा है, जिसका दुष्परिणाम आने वाली पीढ़ियों को भुगतना पड़ सकता है।

वक्ताओं ने यह भी कहा कि नदियों को प्रदूषित करना केवल पर्यावरणीय अपराध ही नहीं, बल्कि सांस्कृतिक एवं नैतिक पतन का भी प्रतीक है। समाज को अपने दैनिक व्यवहार में परिवर्तन लाकर नदी एवं प्रकृति संरक्षण के लिए सक्रिय भूमिका निभानी होगी।

स्कूली बच्चों में पर्यावरण जागरूकता का संदेश

महोत्सव के प्रथम दिन दस विद्यालयों के छात्र–छात्राओं के बीच पर्यावरण एवं नदी संरक्षण विषय पर चित्रांकन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में 20 प्रतिभागियों ने अपनी कलाकृतियों के माध्यम से नदियों के महत्व, प्रदूषण की समस्या एवं संरक्षण के संदेश को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।

इस प्रतियोगिता के परिणामों की घोषणा महोत्सव के द्वितीय एवं अंतिम दिन (14 जनवरी 2026) को की जाएगी।

सांस्कृतिक संध्या ने बांधा समां

संध्याकालीन सत्र में जमशेदपुर के लोकप्रिय कलाकारों द्वारा सांस्कृतिक नृत्य, भजन एवं संगीत संध्या का आयोजन किया गया, जिसने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।

लोकप्रिय कलाकारों की प्रस्तुतियों ने महोत्सव को जन–जन से जोड़ने का कार्य किया।

बुधवार को होगा महोत्सव का मुख्य आकर्षण

महोत्सव के दूसरे दिन 14 जनवरी 2026 को पावन संगम तट पर भव्य गंगा आरती, प्रतियोगिताओं के परिणाम, सम्मान समारोह एवं विविध कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

Join Our Newsletter

यह भी पढ़ें

रेलवे का जवाब संतोषजनक नहीं, वादे के मुताबिक, रेलवे ने नहीं दिया कोई लिखित प्रतिवेदन : अजय कुमार

जमशेदपुर। सहायक मंडल वाणिज्य प्रबंधक ने जनता दल यूनाइटेड के महानगर अध्यक्ष और 7 अप्रैल को आयोजित धरना कार्यक्रम के संयोजक अजय कुमार के...

भूमि व राजस्व संबंधी 79 आवेदनों में 55 आवेदनों का ऑन द स्पॉट निष्पादन

जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन द्वारा आम लोगों की समस्याओं के त्वरित एवं पारदर्शी समाधान के उद्देश्य से प्रत्येक सोमवार को तहसील कचहरी...

अभिमत

ज़िद

ज़िद है आगे बढ़ने की,सबको पीछे छोड़करनया इतिहास गढ़ने की। ज़िद है मज़बूत बनने की,हर मुश्किल का सामना करने की,गिरकर भी हौसला बनाए रखने की। ज़िद...

जमशेदपुर में विंटर फेस्ट के तहत “जैम एट स्ट्रीट” बना आकर्षण का केंद्र, कलाकारों ने अपनी कला का प्रदर्शन कर खूब वाहवाही बटोरी

जमशेदपुर : जमशेदपुर के विंटर फेस्ट के तहत "जैम एट स्ट्रीट" (Jam@Street) एक बड़ा आकर्षण बना, जहाँ बिस्टुपुर की सड़कों पर संगीत, नृत्य, योग,...

संपादक की पसंद

जमशेदपुर में किन्नर समुदाय ने केंद्र सरकार के खिलाफ की नारेबाजी, जिला मुख्यालय के समक्ष की जोरदार प्रदर्शन

जमशेदपुर : केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तावित ट्रांसबिल-2026 के खिलाफ सोमवार को पूर्वी सिंहभूम जिला समाहरणालय के समक्ष किन्नर समुदाय ने किया प्रदर्शन । प्रदर्शन...

जमशेदपुर के पारडीह काली मंदिर के महंत विद्यानंद सरस्वती महाराज अस्वस्थ; हैदराबाद में चल रहा इलाज​

जमशेदपुर: पारडीह में एन एच 33 स्थित प्रसिद्ध श्री श्री 108 सिद्धेश्वर काली मंदिर के श्री विद्यानंद सरस्वती महाराज जी के अस्वस्थ...

Feel like reacting? Express your views here!

यह भी

आपकी राय

अन्य समाचार व अभिमत