झारखंड में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम में पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ने कल देर रात केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की, जिससे उनके भाजपा में प्रवेश की अटकलें तेज हो गईं।
झारखंड में जारी राजनीतिक उथल-पुथल के बीच पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ देर रात बैठक की।
जमशेदपुर – झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ने कल रात 10 बजे केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से महत्वपूर्ण बैठक की।
अब यह लगभग तय हो गया है कि वह जल्द ही अपना अलग दल बनाने के बजाय भाजपा में शामिल हो जाएंगे।
सूत्रों के अनुसार, उन्हें सरायकेला सीट से मैदान में उतारा जा सकता है, जबकि उनके बेटे बाबूलाल सोरेन को घाटशिला सीट से मैदान में उतारा जा सकता है।
बैठक में असम के मुख्यमंत्री और झारखंड भाजपा चुनाव प्रभारी हिमंत बिस्वा सरमा भी शामिल हुए।
राजनीतिक बदलाव
सूत्रों के अनुसार चंपई सोरेन भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने के लिए तैयार हैं। हिमंत बिस्वा सरमा और अमित शाह के हस्तक्षेप से आखिरकार सारी उलझनें दूर हो गई हैं।
इस बैठक से राजनीतिक अटकलों का बाजार गर्म हो गया है, क्योंकि सोरेन के भाजपा में शामिल होने से झारखंड में राजनीतिक परिदृश्य में हलचल मचने की उम्मीद है।
संभावित घोषणा
यह अनुमान लगाया जा रहा है कि चंपई सोरेन का भाजपा में औपचारिक प्रवेश रांची या सरायकेला में हो सकता है, जिसमें अमित शाह के भी शामिल होने की संभावना है।
इस कदम को कोल्हान क्षेत्र की सभी 14 सीटों पर हेमंत सोरेन की झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) का मुकाबला करने की भाजपा की रणनीति के हिस्से के रूप में देखा जा रहा है।
चुनावी रणनीति
सूत्र बताते हैं कि भाजपा ने आगामी चुनावों में सरायकेला से चंपई सोरेन और घाटशिला से उनके बेटे बाबूलाल सोरेन को मैदान में उतारने का फैसला लगभग तय कर लिया है।
हालांकि इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन यह बात कुछ समय से अफवाह थी और अब यह सच होती दिख रही है।
