सरायकेला में आधुनिक छऊ के प्रणेता कुंवर विजय प्रताप सिंहदेव की प्रतिमा का भव्य अनावरण
सरायकेला। शुक्रवार को सरायकेला के सांस्कृतिक परिदृश्य में एक नया अध्याय जुड़ गया, जब आधुनिक छऊ नृत्य शैली के जनक कुंवर विजय प्रताप सिंहदेव की प्रतिमा का भव्य अनावरण नगर अध्यक्ष मनोज चौधरी द्वारा किया गया। इस अवसर पर क्षेत्र के गणमान्य नागरिक, कलाकार और छऊ प्रेमी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
अनावरण समारोह में कुंवर विजय प्रताप सिंहदेव के सुपुत्र कामख्या प्रसाद सिंहदेव को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया।
इस दौरान मनोज चौधरी ने सिंहदेव के योगदान को याद करते हुए कहा कि वे केवल एक कलाकार नहीं, बल्कि एक युगदृष्टा थे। उन्होंने सरायकेला की पारंपरिक छऊ कला को यूरोप के रंगमंच तक पहुँचाकर उसे अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाई। आज सरायकेला शैली में प्रचलित अधिकांश नृत्य उनकी ही रचनाएं हैं।
उन्होंने कहा कि छऊ महोत्सव के अवसर पर उनकी प्रतिमा का अनावरण उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। साथ ही चैत्र पर्व के मौके पर आयोजित होने वाले महोत्सव में ‘जीरो से लेकर हीरो’ तक सभी कलाकारों को सम्मानित किया जाएगा। इस बार छिपे हुए प्रतिभाशाली कलाकारों को खोजकर उन्हें उचित सम्मान देने का कार्य भी प्रशासन द्वारा किया जा रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि महोत्सव को लेकर कुछ तथाकथित लोगों द्वारा गलत भ्रांतियां फैलाई जा रही हैं, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस तरह की गतिविधियां न केवल कला, बल्कि सरायकेला छऊ की पारंपरिक संस्कृति के खिलाफ हैं। महोत्सव में सभी कला प्रेमियों को साथ लेकर कार्य किया जा रहा है और यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि किसी की भावना आहत न हो।
इस मौके पर उपाध्यक्ष अविनाश कवि, नगर पंचायत के प्रशासक समीर बोदरा, गुरु बजेंद्र पट्टनायक, समन्वयक सुदीप कवि, वार्ड पार्षद उत्तम महांती, अंजली राय, विक्रम मोदक, भोला महांती सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
