जमशेदपुर। पूर्वी सिंहभूम जिला मुख्यालय में मंगलवार को रामनवमी और चैती छठ को लेकर उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी की अध्यक्षता में बैठक हुयी। उपायुक्त ने कहा कि प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता दोनों पर्वों को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराना है। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न होने देने के निर्देश दिए। पेयजल, बिजली, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, स्वास्थ्य सेवाएं और आपातकालीन सुविधाओं को मजबूत बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया।
विधि-व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन को संवेदनशील स्थलों की पहचान कर सतर्कता बरतने और किसी भी स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही सभी जुलूस, शोभायात्रा मार्गों और विसर्जन घाटों का संयुक्त सत्यापन करने का निर्देश दिया गया। सुरक्षा के मद्देनजर जुलूस मार्गों से बिजली के तार और अवरोधक सामग्री हटाने, बैरिकेडिंग करने तथा पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
भीड़ नियंत्रण के लिए जुलूस मार्गों पर फ्लैग मार्च, ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी, स्टेज और माइक की समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए। पर्व के दौरान शराबबंदी लागू करने और शहर में भारी व व्यावसायिक वाहनों की नो-इंट्री व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी। आपातकालीन सेवाओं को लेकर भी प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। विभिन्न स्थानों पर चिकित्सकों की तैनाती, सरकारी और निजी एंबुलेंस की उपलब्धता, वैकल्पिक मार्गों की पहचान, अग्निशमन वाहनों और क्रेन-टोचन की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया। जिला नियंत्रण कक्ष को सक्रिय कर प्रशिक्षित कर्मियों की तैनाती के निर्देश दिए गए, ताकि नागरिकों की समस्याओं का त्वरित समाधान हो सके।
अखाड़ा समितियों और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए साफ-सफाई, पेयजल और अन्य मूलभूत व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखने पर जोर दिया गया। साथ ही समितियों के सहयोग से स्वयंसेवकों की तैनाती, झंडों की निर्धारित ऊंचाई का पालन और एलपीजी सिलेंडर की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में नगर पुलिस अधीक्षक (सिटी एसपी) कुमार शिवाशीष, उप विकास आयुक्त नागेन्द्र पासवान, धालभूम के अनुमंडल पदाधिकारी अर्णव मिश्रा, घाटशिला के अनुमंडल पदाधिकारी सुनील चंद्र, एडीसी संतोष गर्ग सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
