भागलपुर। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी समृद्धि यात्रा के दौरान उत्तराधिकारी को लेकर अहम संकेत दिए हैं। राज्यसभा चुनाव में जीत के बाद मंगलवार को आयोजित सभा में उन्होंने सरकार की उपलब्धियां गिनाईं और केंद्र के सहयोग का जिक्र किया। साथ ही जनता को भरोसा दिलाया कि राज्य में विकास का क्रम आगे भी जारी रहेगा।कार्यक्रम के अंत में एक दिलचस्प दृश्य देखने को मिला। मुख्यमंत्री मंच पर आगे बढ़ते हुए उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के पास पहुंचे और उनकी पीठ थपथपाई। इसके बाद उन्होंने हाथ उठाकर भीड़ का अभिवादन किया। इस दौरान सभा में मौजूद लोगों ने “सम्राट चौधरी जिंदाबाद” के नारे लगाए, जिसे राजनीतिक तौर पर खास संकेत माना जा रहा है।मंच पर विजय कुमार चौधरी समेत अन्य नेता भी मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन कर रही महिला ने भी सम्राट चौधरी को ‘मुख्यमंत्री’ कहकर संबोधित किया, जिससे अटकलों को और बल मिला।इससे पहले सीमांचल की यात्रा में भी इसी तरह का दृश्य देखने को मिला था, जहां मुख्यमंत्री ने सम्राट चौधरी के साथ मंच साझा करते हुए उन्हें प्रमुखता दी थी। हाल के दिनों में समृद्धि यात्रा के विभिन्न कार्यक्रमों में सम्राट चौधरी की भूमिका और उपस्थिति पहले की तुलना में अधिक महत्वपूर्ण होती दिख रही है।राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इन घटनाओं से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने संभावित उत्तराधिकारी को लेकर स्पष्ट संकेत देने की कोशिश की है।
