दुमका के नये एसपी पीतांबर सिंह खरवार ने जरमुंडी घटना पर त्वरित कार्रवाई का वादा किया और पुलिस-पब्लिक संबंध मजबूत करने का संकल्प लिया.
झारखंड की उपराजधानी दुमका में नये पुलिस अधीक्षक पीतांबर सिंह खरवार ने अपने स्वागत समारोह के दौरान अपराधियों को कड़ी चेतावनी दी.
उन्होंने आश्वासन दिया कि अपराधी अब दुमका में सुरक्षित नहीं रहेंगे और उन्हें क्षेत्र छोड़ने या गंभीर परिणाम भुगतने की सलाह दी.
जिस दिन निवर्तमान एसपी अंबर लकड़ा का तबादला हुआ, उसी दिन जरमुंडी थाने के पास एक जघन्य अपराध सामने आया.
उस दिन की शुरुआत में, अपराधियों ने पास की चाय की दुकान पर बैठे जमशेदपुर के गैंगस्टर अमरनाथ सिंह को गोली मार दी, जिससे उनकी मौत हो गई.
बताया गया कि सिंह का एक अन्य स्थानीय गैंगस्टर गणेश सिंह के साथ झगड़ा चल रहा था, लेकिन वह देवघर में पूजा करने के बाद बासुकीनाथ आये थे.
पुलिस जांच से पता चला कि अपराधी हमला करने से पहले बोलेरो, स्विफ्ट डिजायर और अपाचे बाइक से इलाके का सर्वेक्षण कर रहे थे.
श्रावणी मेला के कारण भारी पुलिस बंदोबस्त के बावजूद अपराधी भागने में सफल रहे.
हमलावरों में से एक का गिरा हुआ बैग पुलिस ने बरामद कर लिया, जिसमें एक हथियार था.
अमरनाथ सिंह के एक दोस्त के बयान के आधार पर जरमुंडी थाने में गणेश सिंह और उसके साथियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.
अपने संबोधन में एसपी खरवार ने जरमुंडी घटना को एक चुनौती के रूप में लिया और अपराधियों को सजा दिलाने का संकल्प लिया.
उन्होंने स्वीकार किया कि मृतक भी एक अपराधी था लेकिन इस बात पर जोर दिया कि कानून हत्याओं की इजाजत नहीं देता है.
उन्होंने पुलिस-पब्लिक संबंधों को मजबूत करने का संकल्प लिया और क्षेत्र में अपराध और नक्सलवाद के उन्मूलन को प्राथमिकता दी.
