जमशेदपुर में अयोध्या जैसा दीपोत्सव, साकची के महालक्ष्मी मंदिर में जगमगाए 2500 दीप, भक्तों में दिखा खास उत्साह
जमशेदपुर : जमशेदपुर: रविवार की शाम जमशेदपुर में ऐसा प्रतीत हुआ मानो अयोध्या की दीपोत्सव परंपरा साकार हो उठी हो। साकची स्थित श्री श्री महालक्ष्मी मंदिर परिसर में दीपों की जगमगाहट और भक्तों के जयघोषों ने माहौल को भक्तिमय बना दिया।
आयोजन इतना भव्य था कि हर चेहरा श्रद्धा और खुशी से दमक रहा था।
अयोध्या दीपोत्सव की तर्ज पर आयोजन
इस वर्ष मंदिर समिति ने दीपावली पर्व के अवसर पर अयोध्या के दीपोत्सव की थीम पर आयोजन किया।
मंदिर की सजावट, दीपों की कतारें और सांस्कृतिक माहौल ने श्रद्धालुओं को प्रभु श्रीराम की नगरी अयोध्या की याद दिला दी।
इस कार्यक्रम की तैयारी कई दिनों पहले से शुरू कर दी गई थी।
2500 दीपों से नहाया मंदिर परिसर
पूरे महालक्ष्मी मंदिर परिसर में करीब 2500 दीयों को सजाया गया।
मुख्य गर्भगृह से लेकर बाहरी प्रांगण तक हर कोना रौशनी से जगमगाता नजर आया।
हर दीप को भक्तों ने स्वयं प्रज्वलित किया, जिससे आस्था और सहभागिता की भावना और गहरी हो गई।
श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़
इस भव्य आयोजन में सैकड़ों श्रद्धालु अपने परिवारों के साथ शामिल हुए। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने दीप प्रज्वलन में भाग लिया।
वातावरण “जय माता दी” और “महालक्ष्मी माता की जय” के नारों से गूंज उठा। महिलाओं ने रंगोली बनाकर और पारंपरिक परिधान पहनकर उत्सव की शोभा बढ़ाई।
धार्मिकता व उत्सव का अद्भुत संगम
यह आयोजन सिर्फ दीप जलाने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें धार्मिक आस्था, सामूहिक सहभागिता और सांस्कृतिक एकता का भी प्रदर्शन देखने को मिला।
लोगों ने मंदिर परिसर में एक-दूसरे को दीपावली की शुभकामनाएँ दीं और मिठाइयों का आदान-प्रदान किया।
समिति की भविष्य की योजना
मंदिर समिति के अभिषेक अग्रवाल गोल्डी ने बताया कि अगले वर्षों में इस आयोजन को और भी व्यापक और भव्य स्वरूप देने की योजना है।
उन्होंने कहा कि हम चाहते हैं कि जमशेदपुर के लोग हर वर्ष अयोध्या जैसी दीपावली का अनुभव कर सकें। यह आयोजन सिर्फ आस्था नहीं, बल्कि संस्कृति और समुदाय की एकता का प्रतीक है।

