जमशेदपुर प्रशासन ने घटनाओं के बाद घाघीडीह किशोर गृह की सुरक्षा की समीक्षा की
बैठक में किशोर सुधार गृह से बार-बार भागने के प्रयासों के बाद सुरक्षा उपाय बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया गया।
प्रमुख बिंदु:
– घाघीडीह किशोर सुधार गृह में सुरक्षा सुधारने पर चर्चा के लिए अधिकारियों ने बैठक की।
– डीएसपी ने गार्डों की संख्या बढ़ाने और खिड़कियों और दरवाजों को मजबूत करने की सिफारिश की है।
– निगरानी बढ़ाने के लिए सीसीटीवी कैमरे और वॉचटावर लगाने का प्रस्ताव है।
जमशेदपुर – घाघीडीह बाल सुधार गृह में हुई घटनाओं के बाद गुरुवार को बाल सुधार गृह प्रबंधन, डीएसपी (विधि-व्यवस्था) तौकीर अहमद और परसुडीह थाना प्रभारी फैज अहमद के बीच बाल सुधार गृह की सुरक्षा बढ़ाने पर चर्चा के लिए बैठक हुई।
बैठक के दौरान डीएसपी तौकीर अहमद ने किशोर गृह में बार-बार होने वाली सुरक्षा उल्लंघनों पर प्रकाश डाला तथा ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मियों की संख्या बढ़ाने की तत्काल आवश्यकता पर बल दिया।
उन्होंने भविष्य में भागने के प्रयासों को रोकने के लिए वार्डों की खिड़कियों और दरवाजों को मजबूत करने और बदलने का भी सुझाव दिया।
परसुडीह थाना प्रभारी फैज अहमद ने किशोर गृह की बाहरी दीवारों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने का प्रस्ताव रखा।
उन्होंने बताया कि इन कैमरों से यह निगरानी करने में मदद मिलेगी कि कहीं कोई बाहर से दीवारों पर प्रतिबंधित वस्तुएं, जैसे ड्रग्स, तो नहीं फेंक रहा है।
इसके अतिरिक्त, अहमद ने 24 घंटे निगरानी की सुविधा के लिए परिसर के भीतर एक वॉचटावर बनाने का सुझाव दिया।
संबंधित घटनाक्रम में, यह बताया गया कि पांचवां किशोर कैदी, जो मंगलवार रात को भाग गया था, गुरुवार को वापस आ गया है।
सूत्रों के अनुसार, पांच किशोर कैदी मंगलवार रात करीब दो बजे रस्सी के सहारे दीवार फांदकर भाग गए।
परसुडीह पुलिस की मदद से भागने वाले चार कैदियों को पकड़ लिया गया और वापस भेज दिया गया, जबकि पांचवां कैदी दो दिन बाद स्वेच्छा से वापस लौट आया।
