जमशेदपुर में बंगाली भाषा समिति द्वारा विरोध रैली
बंगाली समुदाय ने भाषा के सम्मान की मांग की, बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किया
प्रमुख बिंदु:
– भाषा अधिकार को लेकर झारखंड बंगाली समिति की विशाल रैली
– बंगाली शिक्षा, स्टेशनों का नाम प्रमुख मांगों में शामिल
– प्रदर्शनकारियों ने मांगें पूरी न होने तक उग्र आंदोलन की धमकी दी
जमशेदपुर – झारखंड बंगाली उत्थान समिति के सदस्यों ने मंगलवार को साकची आमबगान से जिला मुख्यालय तक एक बड़ी विरोध रैली निकाली।
प्रदर्शनकारी अन्य अधिकारों के अलावा बंगाली शिक्षा, बंगाली पुस्तकों की छपाई और स्टेशनों के नाम बंगाली में रखने की मांग कर रहे हैं।
उन्होंने एक दिवसीय धरना प्रदर्शन आयोजित किया और इस बात पर जोर दिया कि झारखंड में बंगाली भाषा को उचित सम्मान दिया जाए।
यह रैली राज्य में बंगाली लोगों की घटती स्थिति को लेकर चिंता के कारण आयोजित की गई थी। प्रदर्शनकारियों का दावा है कि झारखंड सरकार ने उनकी मांगों के संबंध में केवल खोखले आश्वासन दिए हैं।
विरोध प्रदर्शन से परिचित एक अंदरूनी सूत्र ने कहा, “बंगाली भाषी निवासी राज्य में लगातार उपेक्षित महसूस कर रहे हैं।” उन्होंने समुदाय के भीतर की हताशा को भी व्यक्त किया।
प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगें पूरी होने तक आंदोलन तेज करने की कसम खाई तथा झारखंड में बंगाली भाषा के संरक्षण की तत्काल आवश्यकता पर बल दिया।
बंगाली समुदाय ने भाषा के सम्मान की मांग की, बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किया
