रंगदारी मामले में बीजेपी नेता अभय सिंह की जमानत याचिका खारिज
मानगो में बिल्डर से रंगदारी मांगने के मामले में आरोपी भाजपा नेता अभय सिंह को कोर्ट ने जमानत देने से इनकार किया; उन्हें अब झारखंड उच्च न्यायालय में अपील करनी होगी.
जमशेदपुर – एडीजे-4 राजेंद्र कुमार सिन्हा की अदालत द्वारा शुक्रवार को जमानत याचिका खारिज किये जाने के बाद भाजपा नेता अभय सिंह को अब झारखंड उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाना पड़ेगा.
जमानत याचिका खारिज होने से उनके समर्थकों में निराशा है.
उनके समर्थकों को उनके जमानत के बाद जेल से रिहा होने की उम्मीद थी. वे पिछली बार की तरह, ढोल-नगाड़ों और जश्न के साथ उनका स्वागत करने के लिए तैयार थे.
अस्वीकृति से उनके अनुयायियों को निराशा हुई है, जो उनकी रिहाई के प्रति आशान्वित थे.
यह मामला राजनीतिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम रहा है.
जहाँ एक ओर अभय सिंह की कानूनी टीम उनकी रिहाई के लिए अपने प्रयास जारी रखेगी, टीम का अगला कदम संभवतः ऊपरी अदालत में अपील करना होगा.
रंगदारी का मामला आजाद नगर के बिल्डर द्वारा अभय सिंह और उनके भाइयों के खिलाफ मानगो थाने में दर्ज करायी गयी प्राथमिकी से जुड़ा है.
बिल्डर, जो जवाहर नगर में रहता है और ऑप्टिमस टॉवर, मानगो से अपना कार्यालय संचालित करता है, ने प्राथमिकी में आरोप लगाया कि वह सिंह बंधुओं से लगातार जबरन वसूली, उत्पीड़न और हमले का शिकार रहा है.
सिंह बंधुओं द्वारा बिल्डर पर कथित शारीरिक हमले से लेकर बड़ी रकम वसूलने के आरोपों वाले इस मामले ने भाजपा नेता के सामने आने वाली कानूनी चुनौतियों को बढ़ा दिया है.
