पुलिसिया रवैये से क्षुब्ध जमशेदपुर के स्कूली वैन चालक सोमवार से अनिश्चित हड़ताल पर रहेंगे
बिरसानगर थाना में वाहन चालक पर पॉक्सो एक्ट के तहत दर्ज कांड में पुलिस के पक्षपातपूर्ण रवैये से भड़का आक्रोश
जमशेदपुर : जमशेदपुर के सभी स्कूल वैन चालकों ने सोमवार से बेमियादी हड़ताल पर जाने की घोषणा की है। स्कूल के वैन चालक संघ ने शनिवार को डीएसपी, एसएसपी एवं जिले के उपायुक्त को मांग पत्र देकर सोमवार से हड़ताल पर जाने का एलान कर दिया है।
उनका कहना है कि बिरसानगर के एक प्राइवेट स्कूल के कुछ बच्चों को स्कूल की शिक्षिका के कहने पर उक्त चालक ने उन्हें घर छोड़ दिया। दो दिनों के बाद उस चालक को बुला कर उसे पहले स्कूल में सुबह से शाम तक बैठाया गया, बाद मे उस पर पोस्को एक्ट का आरोप लगाते हुए उसे जेल भेज दिया गया।
वैन चालक संघ का कहना है अगर वह दोषी है तो वे लोग प्रशासन के साथ हैं, मगर कुछ वर्ष पूर्व भी इस तरह का एक मामला सामने आया था जिसमे मानगो के एक स्कूल वैन चालक को जेल भेजा गया था।
दो वर्ष बीत जाने के बाद भी अब तक पुलिस ने जाँच रिपोर्ट नहीं सौंपी, नतीजा वह आज भी जेल की सजा काट रहा है। वैन चालक संघ का कहना है कि इस मामले मे पुलिस निष्पक्ष जाँच करे, और जो दो लोगों पर झूठा पोस्को एक्ट लगा है, उन्हें जेल से रिहा करवाएं, उनका साफ कहना है कि हर बार प्रशासन की नजर मे गरीब वैन चालक ही क्यों गलत ही रहते हैं। पुलिस जाँच सही तरीके से क्यों नहीं करती है, नतीजा है वैन चालक कोई दो वर्ष तो कोई 27 फरवरी से जेल मे है।
अब ज़ब सोमवार से स्कूल वैन चालक हड़ताल पर रहेंगे तो सभी छात्र छात्राओं को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।
क्या है पॉक्सो एक्ट
पॉक्सो एक्ट (POCSO Act, 2012), यानी ‘यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम’, 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को यौन शोषण और उत्पीड़न से बचाने वाला एक विशेष कानून है। यह कानून 14 नवंबर 2012 से लागू हुआ, जो लड़का-लड़की दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित करता है, इसमें त्वरित जांच, रिपोर्टिंग और सख्त सजा (आजीवन कारावास तक) का प्रावधान है।
