चाकुलिया के पास हाथी रेलवे ट्रैक पार कर रहे हैं, ग्रामीण किनारे पर हैं
सुनसुनिया वन क्षेत्र में जंगली टस्करों ने बाघों की दहशत बढ़ा दी है
प्रमुख बिंदु:
- सुनसुनिया जंगल के पास आठ हाथी ट्रिपल रेलवे ट्रैक को पार करते हुए
- झुंड की आवाजाही से ट्रेनों और ग्रामीणों की सुरक्षा संबंधी चिंताएं बढ़ जाती हैं
- तीन पंचायतों में नौवें दिन भी बाघ का आतंक जारी है
जमशेदपुर – आठ जंगली हाथियों का एक झुंड मंगलवार तड़के चाकुलिया ब्लॉक के सुनसुनिया जंगल के पास ट्रिपल रेलवे ट्रैक को पार कर गया, जिससे बाघ के डर के बीच ग्रामीणों की चिंताएं बढ़ गईं।
पचीडर्म्स को सुबह 6:30 बजे के आसपास तीसरी लाइन, अप लाइन और डाउन लाइन को पार करते हुए देखा गया। गेटमैन कौशिक महतो ने झुंड को उत्तर से दक्षिण की ओर बढ़ते देखा।
रेलवे सुरक्षा उपाय
रेलवे आमतौर पर हाथी गलियारों में ट्रेन की गति कम कर देता है। एक रेलवे अधिकारी ने कहा, “जब भी हाथी पटरियों के पास दिखाई देते हैं तो हम तुरंत नियंत्रण कक्ष को सूचित करते हैं।”
बढ़ती वन्य जीवन संबंधी चिंताएँ
हाथियों की चहलकदमी से कलियाम, जमुआ और भातकुंडा पंचायत में चिंता बढ़ गई है। एक स्थानीय निवासी ने टिप्पणी की, “क्षेत्र में बाघों और हाथियों दोनों के साथ स्थिति कठिन होती जा रही है।”
ऐतिहासिक संदर्भ
सुनसुनिया वन क्षेत्र एक पारंपरिक हाथी गलियारा रहा है। वन विभाग के एक अधिकारी ने कहा, “इस क्षेत्र में नियमित रूप से हाथियों की आवाजाही देखी जाती है, खासकर फसल के मौसम के दौरान।”
