टाटानगर स्टेशन का होगा कायाकल्प, 284 करोड़ की लागत से बनेगा देश का मॉडल रेलवे स्टेशन
==सांसद विद्युत वरण महतो ने किया शिलान्यास
== रेलवे जीएम ने साझा की विस्तृत कार्य योजना
जमशेदपुर। टाटानगर रेलवे स्टेशन के रिडेवलपमेंट का सपना अब साकार होने जा रहा है। वर्षों से प्रतीक्षित इस परियोजना की आधारशिला शनिवार को जमशेदपुर के सांसद विद्युत वरण महतो ने दक्षिण पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक अनिल कुमार मिश्रा की उपस्थिति में रखी।
सादे समारोह में भूमि पूजन कर स्टेशन के कायाकल्प की प्रक्रिया की विधिवत शुरुआत कर दी गई।
परियोजना पर कुल 284 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके तहत स्टेशन को न केवल सौंदर्य की दृष्टि से अत्याधुनिक रूप दिया जाएगा, बल्कि यात्रियों की सुविधा के लिहाज़ से भी व्यापक परिवर्तन किए जाएंगे।
इस मौके पर महाप्रबंधक अनिल कुमार मिश्रा ने स्टेशन पुनर्विकास से संबंधित पूरी कार्य योजना मीडिया और उपस्थित जनों के समक्ष साझा की। उन्होंने बताया कि टाटानगर को देश के मॉडल रेलवे स्टेशनों की सूची में लाने के लिए यह रिडेवलपमेंट परियोजना तैयार की गई है।
रेलवे की योजना के अनुसार नॉर्थ साइड (बर्मामाइंस की ओर) जी प्लस थ्री (G+3) का बहुमंजिला भवन बनाया जाएगा,आकार: 94 मीटर x 23 मीटर।
साउथ साइड (मेल बिल्डिंग):जी प्लस सिक्स (G+6) का बहुमंजिला भवन,आकार वही रहेगा — 94 मीटर x 23 मीटर।
दोनों ओर सर्कुलेटिंग एरिया को भी काफी बढ़ाया जाएगा, जिससे वाहनों के सुगम आवागमन के साथ भीड़-भाड़ की समस्या खत्म हो सके।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार यह रिडेवलपमेंट कार्य 2027 के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। टेंडर प्रक्रिया पहले ही पूर्ण हो चुकी है और कार्य आरंभ हो चुका है।
यात्रियों को मिलेंगी अत्याधुनिक सुविधाएं
परियोजना के तहत स्टेशन को यात्रियों के लिए पूरी तरह स्मार्ट और सुविधाजनक बनाया जाएगा। इसके लिए निम्न सुविधाओं को जोड़ा जा रहा है:16 लिफ्ट और 14 एस्केलेटर लगाए जाएंगे।प्लेटफॉर्म की संख्या बढ़ाई जाएगी।स्टेशन बिल्ट-अप एरिया 8000 वर्गमीटर से बढ़ाकर 35,000 वर्गमीटर किया जाएगा।पार्किंग स्पेस को भी 8000 वर्गमीटर से बढ़ाकर 41,000 वर्गमीटर किया जा रहा है।स्टेशन परिसर में व्यावसायिक उपयोग हेतु अलग से क्षेत्र चिन्हित किया गया है।
टाटानगर स्टेशन बनेगा गौरव का प्रतीक: सांसद
इस अवसर पर सांसद विद्युत वरण महतो ने कहा कि यह परियोजना न केवल जमशेदपुरवासियों के लिए, बल्कि पूरे झारखंड के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि टाटानगर स्टेशन जल्द ही आधुनिक भारत के नए बेंचमार्क के रूप में खड़ा होगा। यह स्टेशन अब केवल ट्रेन पकड़ने की जगह नहीं, बल्कि यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधा देने वाला स्मार्ट ट्रांजिट हब बनेगा।
रेलवे अधिकारियों की उपस्थिति
शिलान्यास कार्यक्रम में डीआरएम तरुण हुरिया, रेलवे की निर्माण शाखा के अधिकारी, इंजीनियरिंग विभाग के प्रतिनिधि, स्थानीय जनप्रतिनिधि, रेल कर्मचारी संघ के पदाधिकारी एवं आम नागरिक बड़ी संख्या में मौजूद थे।
परियोजना एक नजर में
बिंदु वर्तमान स्थिति पुनर्विकास के बाद
स्टेशन बिल्ट-अप एरिया 8000 वर्गमीटर 35,000 वर्गमीटर
पार्किंग एरिया 8000 वर्गमीटर 41,000 वर्गमीटर
लिफ्ट नहीं 16
एस्केलेटर नहीं 14
प्लेटफॉर्म 7 प्रस्तावित वृद्धि
भवन नहीं नॉर्थ (G+3), साउथ (G+6)
व्यावसायिक क्षेत्र सीमित अलग से विकसित
टाटानगर से जुड़े प्रमुख तथ्य जानिए
टाटानगर रेलवे स्टेशन, भारतीय रेलवे के दक्षिण पूर्व रेलवे ज़ोन के चक्रधरपुर मंडल के अंतर्गत आता है। यह झारखंड का सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशन है और रोजाना हजारों यात्रियों की आवाजाही होती है। टाटानगर से हावड़ा, मुंबई, दिल्ली, भुवनेश्वर, चेन्नई जैसे प्रमुख शहरों के लिए सीधी ट्रेनें संचालित होती हैं।
