August 10, 2026
टाउन पोस्ट
सच्ची खबर, सही समय पर
शिक्षा

पूर्वी सिंहभूम जिले में हुई सिकुई- दिकुई अभियान की शुरुआत- शिक्षा से सफलता की ओर

पूर्वी सिंहभूम जिले में हुई सिकुई- दिकुई अभियान की शुरुआत- शिक्षा से सफलता की ओर

बोर्ड परीक्षा में बच्चों का प्रदर्शन सुधारने की जिला प्रशासन की पहल

उपायुक्त ने सभी पदाधिकारियों से स्वेच्छा से इस अभियान का हिस्सा बनने की अपील की

जमशेदपुर : झारखंड सरकार शिक्षा के विकास को लेकर न केवल गंभीर है बल्कि इस दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी उद्​देश्य को लेकर पूर्वी सिंहभूम जिले में भी उपायुक्त, पूर्वी सिंहभूम कर्ण सत्यार्थी के नेतृत्व में ‘सिकुई-दिकुई अभियान’ की शुरुआत की गई। इस अभियान का प्रमुख उद्देश्य विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं समावेशी शिक्षा प्रदान करना, उनके बौद्धिक, शैक्षणिक और नेतृत्व कौशल को विकसित करना तथा बोर्ड परीक्षाओं में जिले के बच्चों के प्रदर्शन में सुधार लाना है । अभियान के सफल संचालन एवं रूपरेखा के बारे में समाहरणालय सभागार में आहूत बैठक में विस्तृत चर्चा की गई। उपायुक्त ने कहा कि पदाधिकारियों स्वेच्छा से आगे बढ़कर इस अभियान में भागीदारी निभाएं ।

इस अभियान का उद्देश्य न केवल छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है बल्कि 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा में उत्कृष्ट परिणाम सुनिश्चित करने के साथ-साथ विद्यालयी तंत्र को भी मजबूत बनाना है । अभियान के अंतर्गत शिक्षण-पद्धति (पेडागॉजी) को और प्रभावी बनाने, आई.सी.टी एवं पुस्तकालय का समुचित उपयोग, नियमित पी.टी.एम बैठकें आयोजित करने तथा स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं जिला के विभागीय पदाधिकारियों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

इस अभियान के तहत प्रत्येक गुरुवार को जिला प्रशासन के पदाधिकारी स्वेच्छा से विद्यालयों का दौरा करेंगे। इस दौरान वे न केवल शिक्षण स्तर का मूल्यांकन करेंगे बल्कि शिक्षकों, विद्यार्थियों और समुदाय को शिक्षा के प्रति प्रेरित भी करेंगे। इस अभियान का लक्ष्य आगामी 6 माह में जिले के 30% विद्यालयों को मॉडल स्कूल के रूप में विकसित करना है। इसके अतिरिक्त, सभी विद्यालयों में नियमित पी.टी.एम (Parent-Teacher Meeting) आयोजित कर अभिभावकों की भागीदारी को बढ़ाया जाएगा, जिससे बच्चों की शैक्षणिक प्रगति और समस्याओं का सामूहिक समाधान संभव हो सके। शैक्षणिक वातावरण को और सशक्त बनाने हेतु विद्यालयों में बाल संसद का सुचारू संचालन किया जाएगा, जिससे विद्यार्थियों को नेतृत्व क्षमता, निर्णय लेने की प्रक्रिया, संवाद कौशल विकसित करने का अवसर मिलेगा। ‘सिकुई-दिकुई अभियान’ शिक्षा की गुणवत्ता, विद्यार्थियों के भविष्य और जिले के समग्र शैक्षणिक विकास की ओर एक महत्वपूर्ण कदम है।

Feel like reacting? Express your views here!

Discover more from Town Post

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading