पटना: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे और जनशक्ति जनता दल के अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने जान से मारने की धमकी मिलने का दावा किया है। तेज प्रताप यादव ने बुधवार को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इसकी जानकारी दी। उन्होंने आरोप लगाया कि एक अज्ञात व्यक्ति ने फोन कर उन्हें धमकी दी और वीडियो वायरल करने की बात कहकर ब्लैकमेल करने तथा पैसे वसूलने की कोशिश की।
अज्ञात नंबर से आया फोन
तेज प्रताप यादव के अनुसार, बुधवार दोपहर करीब 3:11 बजे उनके मोबाइल पर एक अनजान नंबर से कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को एक मीडिया हाउस से जुड़ा हुआ बताया। इसके बाद कथित तौर पर उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई।
तेज प्रताप यादव ने बताया कि कॉल करने वाले ने वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उन्हें दबाव में लेने और पैसों की मांग करने का प्रयास किया।
पार्टी नेताओं को भी धमकाने का आरोप
तेज प्रताप यादव ने दावा किया कि इस मामले में सिर्फ उन्हें ही निशाना नहीं बनाया गया है। उनके मुताबिक, जनशक्ति जनता दल से जुड़े कई अन्य लोगों को भी इसी तरह फोन कर परेशान किया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी से जुड़े लोगों को धमकियां दी जा रही हैं और वीडियो वायरल करने की बात कहकर उनसे पैसे की मांग की जा रही है। इस दावे के बाद पार्टी से जुड़े लोगों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े हुए हैं।
प्रशासन से जांच और कार्रवाई की मांग
तेज प्रताप यादव ने बिहार सरकार और प्रशासन से पूरे मामले की तत्काल जांच कराने की मांग की है। उन्होंने संबंधित मोबाइल नंबर की जांच कर कॉल करने वाले की पहचान करने और उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की अपील की।
उन्होंने प्रशासन से अपने साथ-साथ जनशक्ति जनता दल से जुड़े अन्य लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की भी मांग की है।
धमकी और ब्लैकमेलिंग के खिलाफ कार्रवाई की अपील
तेज प्रताप यादव ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में स्पष्ट किया कि धमकी, ब्लैकमेलिंग और अवैध वसूली को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कानून से ऊपर कोई नहीं है।
जिस मोबाइल नंबर से कथित तौर पर उन्हें फोन किया गया, उसकी जानकारी भी तेज प्रताप यादव ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से सार्वजनिक की है।