पलामू: झारखंड के पलामू जिले के रामगढ़ थाना क्षेत्र में अवैध भरठुवा बंदूक की सफाई के दौरान हुए दर्दनाक हादसे में 75 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई। मृतक की पहचान नावाडीह हुटार गांव निवासी श्याम लाल भुइयां के रूप में हुई है, जो पेशे से बढ़ई मिस्त्री थे। घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है, जबकि पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है।
सफाई के दौरान अचानक चल गई गोली
जानकारी के अनुसार, शनिवार रात श्याम लाल भुइयां अपने घर में वर्षों से रखी भरठुवा बंदूक की सफाई कर रहे थे। इसी दौरान अचानक बंदूक से गोली चल गई, जो सीधे उनके सीने में जा लगी। उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। गोली चलने की आवाज सुनकर परिवार के सदस्य दौड़े, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी।
40 वर्षों से घर में रखी थी बंदूक
मृतक के बेटे वीरेंद्र भुइयां ने बताया कि यह भरठुवा बंदूक पिछले 40 वर्षों से अधिक समय से उनके घर में रखी हुई थी। उनके जन्म से पहले ही यह हथियार घर में मौजूद था।
उन्होंने बताया कि पहले उनके पिता कभी-कभी जंगली जानवरों का शिकार किया करते थे। परिजनों का कहना है कि बंदूक में पहले से बारूद भरा हुआ था और सफाई के दौरान संभवतः उसी कारण अचानक फायर हो गया।
परिवार को यह भी जानकारी नहीं है कि यह बंदूक उनके पिता के पास कैसे आई थी।
शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया
घटना की सूचना मिलने पर रविवार सुबह रामगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मेदिनी राय मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेज दिया।
थाना प्रभारी ओमप्रकाश शाह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बंदूक की सफाई के दौरान अचानक गोली चलने से हादसा हुआ। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अवैध हथियार की भी होगी जांच
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि अवैध भरठुवा बंदूक इतने वर्षों से घर में कैसे रखी गई थी और उसमें अब तक बारूद कैसे मौजूद था। सभी पहलुओं की जांच के बाद संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया जाएगा।
पुलिस ने लोगों से अवैध हथियार रखने, उनकी सफाई करने या उपयोग करने से बचने की अपील करते हुए कहा कि ऐसी लापरवाही कभी भी जानलेवा साबित हो सकती है।