जमशेदपुर : टाटा मोटर्स के जमशेदपुर प्लांट में अस्थायी कर्मचारियों के स्थायीकरण की प्रक्रिया अब अंतिम चरण में पहुंच गई है। कंपनी प्रबंधन ने मंगलवार को 78 बाई-सिक्स कर्मचारियों के स्थायीकरण की अंतिम सूची जारी कर दी। इसके साथ ही कंपनी में अस्थायी कर्मचारियों के स्थायीकरण से जुड़ी निर्धारित प्रक्रिया पूरी हो जाएगी और अब कोई नई सूची जारी नहीं की जाएगी।
प्रबंधन और टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन के बीच श्रम आयुक्त, झारखंड की मध्यस्थता में हुए समझौते के अनुसार प्रत्येक वर्ष 900 बाई-सिक्स कर्मचारियों को स्थायी किया जाना है।
इसी क्रम में हर तिमाही 225 कर्मचारियों के स्थायीकरण की प्रक्रिया अपनाई गई। अब बचे 78 कर्मचारियों को अंतिम बैच में स्थायी किया जा रहा है।
14 से 25 अगस्त तक होगी मेडिकल जांच
स्थायीकरण की प्रक्रिया में शामिल 78 कर्मचारियों की मेडिकल जांच 14 अगस्त से 25 अगस्त 2026 के बीच अलग-अलग तिथियों पर होगी। इसके साथ ही कर्मचारियों के शैक्षणिक प्रमाणपत्र और अन्य जरूरी दस्तावेजों की भी जांच की जाएगी। सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद चयनित कर्मचारियों को एक वर्ष के लिए प्रोबेशनर के रूप में कार्य करना होगा।
2024 के त्रिपक्षीय समझौते के तहत हो रहा स्थायीकरण
टाटा मोटर्स के जमशेदपुर प्लांट में पहले 2,710 बाई-सिक्स कर्मचारी कार्यरत थे। हाईकोर्ट के आदेश के बाद कंपनी प्रबंधन, यूनियन और श्रम विभाग के बीच 25 जनवरी 2024 को त्रिपक्षीय समझौता हुआ था। समझौते के तहत हर वर्ष 900 बाई-सिक्स कर्मचारियों को स्थायी करने पर सहमति बनी थी।
इसी व्यवस्था के तहत कंपनी प्रबंधन प्रत्येक तिमाही 225 कर्मचारियों को स्थायी करता रहा। मंगलवार को जारी 78 कर्मचारियों की सूची इस प्रक्रिया का अंतिम बैच है।